इस लड़के की दीवानी थी 3 बच्चों की मां, इसी से कराया मासूमों का मर्डर।

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राजस्थान के अलवर में एक ही परिवार के 5 सदस्यों की सामूहिक हत्या के मामले में प्यार और धोखे की कहानी सामने आई है। आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद नए राज सामने आ रहे हैं। पति, तीन बेटों और एक भतीजे की हत्या की आरोपी महिला संतोष शर्मा ने गिरफ़्तारी से बचने के लिए हर चाल चली और पूछताछ के दौरान पुलिस को गुमराह करने का प्रयास करती रही।

 महिला संतोष प्रेमी हनुमान प्रसाद जाट की गिरफ्तारी के बाद भी परिवार के 5 लोगों की हत्या में शामिल होने से इंकार करती रही। जबकि पूछताछ में हनुमान ने पुलिस को इस मामले से जुड़े सारे राज खोल दिए। उसने पुलिस को बताया कि कैसे वह ढाई साल पहले संतोष से मिला था। फिर उनकी यह दोस्ती अवैध संबंधों में बदल गई। दोनों के प्रेम-संबंधों में पति बनवारी लाल शर्मा व बड़ा बेटा मोहित रोड़ा साबित हो रहे थे।इसलिए बेटे व पति को रास्ते से हटाने के लिए महिला और उसके प्रेमी ने प्लान बनाया। प्लान के अनुसार, संतोष ने पहले पूरे परिवार को जहरीला पदार्थ मिला भोजन करा दिया था। इससे वे लोग गहरी नींद में चले गए थे। योजनानुसार, करीब 1 बजे हनुमान संतोष के घर आया। हनुमान ने अपने साथ में भाड़े के कातिलों को भी लाया था। हनुमान ने कमरे में घुसते ही बनवारी का गला काट दिया। इस दौरान बड़ा बेटा मोहित जाग गया तो हनुमान ने उसका भी गला रेत दिया। इसके बाद हनुमान तो बाहर आ गया लेकिन, दीपक व कपिल ने फर्श पर सो रहे महिला के बेटे हैपी, अज्जू और भतीजे निक्की की भी गला काटकर हत्या कर दी। हत्या के बाद संतोष ने घर में खड़ी स्कूटी की चाबी आरोपियों को दे दी। दीपक व कपिल को ढाई से तीन हजार रुपए भी दिए।

प्रेमी हनुमान प्रसाद (25 साल) आरोपी महिला संतोष (36 साल) से करीब 11 साल छोटा है। पुलिस ने जैसे ही भाड़े के कातिलों दीपक और कपिल को उसके सामने पेश किया, तो संतोष रोने लगी।